कविता मेरी मित्र

Anshika Jagat

Class 6 (A)

कविता मेरी मित्र


हमेशा मेरे साथ रहती,
दुःख-सुख में भी साथ रहती ।
हमेशा मेरा हौशला बढ़ाती,
वो मेरी मित्र है ।।
एक पल झगड़ा करती,
एक पल फिर मिल जाती- जाती ।
हँसा-हँसा के मुझे थकाती,
वो मेरी मित्र है ।।
वो एक योग्य इंसान है,
जो बहुत ही ज्ञानी है ।
हमेशा मेरे साथ रहे,
वो मेरी मित्र है ।।
जब मैं रोऊ शांत कराए,
जब मैं हँसु और हँसाए ।
हम हर समय मुझे खुश रखे,
वो मेरी मित्र है ।।

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